बिजली व्यवस्था पर डीएम सख्त: लापरवाही पर नपेंगे अफसर

बिलिंग और मीटरिंग में पारदर्शिता के लिए लागू होगी ‘जियो टैगिंग’

पौड़ी। जनपद में चरमराई विद्युत व्यवस्था और उपभोक्ताओं की बढ़ती शिकायतों को लेकर जिलाधिकारी स्वाति एस. भदौरिया ने कड़ा रुख अपनाया है। शुक्रवार को कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित समीक्षा बैठक के दौरान उन्होंने स्पष्ट चेतावनी दी कि विद्युत आपूर्ति में लंबे समय तक होने वाले ब्रेकडाउन पर संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाएगी। जिलाधिकारी ने मीटर रीडिंग में गड़बड़ियों को रोकने के लिए जनपद में मीटर रीडरों की ‘जियो टैग लोकेशन’ व्यवस्था लागू करने का प्रस्ताव शासन को भेजने के निर्देश दिए हैं।
बैठक के दौरान जिलाधिकारी ने बहुउद्देश्यीय शिविरों में प्राप्त शिकायतों का संज्ञान लेते हुए विभाग की कार्यप्रणाली पर असंतोष व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि उपभोक्ताओं को निर्बाध और पारदर्शी आपूर्ति देना विभाग की सर्वोच्च प्राथमिकता है। मीटरिंग प्रणाली की समीक्षा करते हुए डीएम ने निर्देश दिए कि इस माह ट्रायल के तौर पर मीटरिंग की विशेष निगरानी की जाए ताकि उपभोक्ताओं को सटीक बिल मिल सकें। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि मीटर रीडर फील्ड में जाकर सही रीडिंग ले रहे हैं या नहीं, इसकी नियमित मॉनिटरिंग सुनिश्चित की जाए।
ब्रेकडाउन और मुआवजे पर कड़े निर्देश विद्युत आपूर्ति में आने वाले व्यवधानों पर नकेल कसते हुए डीएम ने हर डिवीजन से वर्ष के 10 सबसे लंबे ब्रेकडाउन की सूची और उनके कारणों का विश्लेषण उपलब्ध कराने को कहा। उन्होंने निर्देश दिए कि ब्रेकडाउन की स्थिति में विद्युत बहाली का समय न्यूनतम होना चाहिए। साथ ही, उन्होंने झूलते तारों को तुरंत ठीक करने और वोल्टेज की समस्या वाले क्षेत्रों में अतिरिक्त ट्रांसफार्मर लगाने के निर्देश दिए। मुआवजे से संबंधित लंबित प्रकरणों पर उन्होंने कड़ी नाराजगी जताते हुए दो दिन के भीतर पूरी सूची प्रस्तुत करने को कहा।
आउटसोर्स केंद्रों की होगी मासिक समीक्षा पारदर्शिता बढ़ाने के उद्देश्य से जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि आउटसोर्स पर संचालित सब-स्टेशनों की निगरानी के लिए कनिष्ठ अभियंता (जेई) को नामित किया जाए। उन्होंने अधीक्षण अभियंताओं को ठेकेदारों के साथ हर माह और अधिशासी अभियंताओं को कनिष्ठ अभियंताओं के साथ हर 15 दिन में समीक्षा बैठक करने के निर्देश दिए। उन्होंने यह भी सुनिश्चित करने को कहा कि ठेकेदार अपने कर्मचारियों को समय पर वेतन भुगतान करें।
बिलिंग दक्षता सुधारने की चेतावनी पौड़ी और नैनीडांडा क्षेत्रों में बिलिंग दक्षता (Billing Efficiency) कम पाए जाने पर डीएम ने संबंधित अधिकारियों की क्लास लगाई। उन्होंने तत्काल इसके कारणों की पहचान कर ठोस कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए। बैठक में हेल्पलाइन नंबर 1912 का व्यापक प्रचार-प्रसार करने और शिकायतों का मासिक विवरण प्रस्तुत करने पर भी जोर दिया गया।
बैठक में अधिशासी अभियंता अभिनव रावत, गोपाल सिंह रावत, सहायक अभियंता उदित पंवार और एसडीओ गोविंद रावत सहित विद्युत विभाग के अन्य महत्वपूर्ण अधिकारी मौजूद रहे।

ऐसी और भी खबरें पढ़ने के लिए बने रहें merouttarakhand.in के साथ।
Subscribe our Whatsapp Channel
Like Our Facebook & Instagram Page
RELATED ARTICLES

Most Popular

Recent Comments