गढ़वाल विवि में पीएचडी प्रवेश की प्रक्रिया शुरू, 46 विषयों में 484 सीटों पर होगा दाखिला

राष्ट्रीय स्तर की परीक्षाओं के स्कोर पर मिलेगा प्रवेश, 15 मार्च तक कर सकते हैं आवेदन

श्रीनगर गढ़वाल। हेमवती नंदन बहुगुणा गढ़वाल विश्वविद्यालय ने शैक्षणिक सत्र 2025-26 के लिए पीएचडी प्रवेश की प्रक्रिया शुरू कर दी है। विश्वविद्यालय के 11 संकायों के 46 विषयों में कुल 484 सीटों पर शोधार्थियों को प्रवेश दिया जाएगा। इस बार प्रवेश पूरी तरह से राष्ट्रीय स्तर की परीक्षाओं के आधार पर होंगे, जिससे चयन प्रक्रिया में पारदर्शिता और गुणवत्ता सुनिश्चित होगी।

विश्वविद्यालय प्रशासन के अनुसार, पीएचडी कार्यक्रम के तहत कृषि एवं संबद्ध विज्ञान, विज्ञान, वाणिज्य, पृथ्वी विज्ञान, शिक्षा, अभियांत्रिकी एवं प्रौद्योगिकी, कला एवं भाषाएं, मानविकी एवं सामाजिक विज्ञान, जीवन विज्ञान, प्रबंधन तथा विधि संकाय में प्रवेश दिए जाएंगे। इन संकायों के अंतर्गत भौतिकी, रसायन विज्ञान, गणित, जैव प्रौद्योगिकी, अंग्रेजी, हिंदी, समाजशास्त्र, कंप्यूटर विज्ञान, पत्रकारिता, विधि और पर्यटन सहित 46 विषयों में शोध के अवसर उपलब्ध कराए गए हैं।

विश्वविद्यालय के जनसंपर्क अधिकारी आशुतोष बहुगुणा ने बताया कि इस सत्र में विश्वविद्यालय परिसरों, संबद्ध महाविद्यालयों तथा जेआरएफ श्रेणी सहित कुल 484 सीटों पर प्रवेश प्रस्तावित है। सीटों का वितरण विभिन्न विषयों और श्रेणियों के अनुसार किया जाएगा।

पीएचडी में प्रवेश के लिए इच्छुक अभ्यर्थियों के पास न्यूनतम 55 प्रतिशत अंकों (आरक्षित वर्ग के लिए 50 प्रतिशत) के साथ स्नातकोत्तर उपाधि होना अनिवार्य है। चयन प्रक्रिया यूजीसी-नेट, सीएसआईआर-नेट, गेट, जीपैट, सीड, आईसीएमआर-नेट, डीबीटी-नेट, आईसीएआर-नेट अथवा अन्य राष्ट्रीय स्तर की परीक्षा के स्कोर तथा साक्षात्कार के आधार पर संपन्न होगी।

चयन में 70 प्रतिशत वेटेज परीक्षा स्कोर को दिया जाएगा, जबकि 30 प्रतिशत अंक साक्षात्कार के लिए निर्धारित हैं। साक्षात्कार के दौरान अभ्यर्थियों को अपने शोध प्रस्ताव की प्रस्तुति भी देनी होगी, जिससे उनके शोध विषय की स्पष्टता और गहराई का आकलन किया जा सके।

विश्वविद्यालय ने ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया 1 मार्च से शुरू कर दी है, जो 15 मार्च तक जारी रहेगी। इच्छुक अभ्यर्थी विश्वविद्यालय की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर आवेदन कर सकते हैं। आवेदन शुल्क सामान्य, ईडब्ल्यूएस एवं ओबीसी (नॉन क्रीमी लेयर) वर्ग के लिए 700 रुपये तथा एससी, एसटी एवं दिव्यांग अभ्यर्थियों के लिए 350 रुपये निर्धारित किया गया है।

विश्वविद्यालय प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि प्रवेश से संबंधित सभी सूचनाएं केवल आधिकारिक वेबसाइट पर ही जारी की जाएंगी। डाक की ओर से किसी भी प्रकार की सूचना नहीं भेजी जाएगी। साक्षात्कार की तिथि संबंधित विभाग की ओर से अलग से घोषित की जाएगी, जिसके लिए अभ्यर्थियों को विश्वविद्यालय की वेबसाइट पर नियमित रूप से नजर बनाए रखने की सलाह दी गई है।

यह पीएचडी प्रवेश उन शोधार्थियों के लिए एक सुनहरा अवसर है जो उच्च शिक्षा और शोध के क्षेत्र में अपना करियर बनाना चाहते हैं। विश्वविद्यालय के विभिन्न विभागों में उपलब्ध शोध सुविधाओं और अनुभवी मार्गदर्शकों का लाभ उठाकर शोधार्थी अपने शोध कार्य को उच्च स्तर तक ले जा सकते हैं।

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