

उत्तरकाशी। जिलाधिकारी प्रशांत आर्य ने आपदा प्रबंधन व्यवस्थाओं को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से शनिवार को जोशियाड़ा बैराज का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने बैराज के मुख्य कंट्रोल रूम पहुंचकर मॉनिटरिंग प्रणाली की विस्तृत समीक्षा की।
जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जलस्तर में उतार-चढ़ाव और आकस्मिक परिस्थितियों से निपटने के लिए ड्रेनेज सिस्टम से लेकर बैराज संचालन से जुड़ी सभी तकनीकी व्यवस्थाओं को हर समय क्रियाशील और दुरुस्त रखा जाए।
निरीक्षण के दौरान उन्होंने विशेष रूप से ‘अर्ली वार्निंग सिस्टम’ की कार्यप्रणाली को परखा। जिलाधिकारी ने कहा कि आपदा प्रबंधन और जन-सुरक्षा के दृष्टिकोण से यह प्रणाली अत्यंत महत्वपूर्ण है। इसका चौबीसों घंटे सुचारू रूप से काम करना अनिवार्य है। उन्होंने बैराज के तकनीकी तंत्र और सुरक्षा मानकों की भी जानकारी ली।
जिलाधिकारी ने कहा कि किसी भी आपातकालीन स्थिति में ऑटोमेटेड सायरन और क्विक रिस्पांस मैकेनिज्म को बेहद संवेदनशील और त्रुटिहीन बनाए रखा जाए। साथ ही मानसून और स्वच्छता को ध्यान में रखते हुए गाद यानी सिल्ट प्रबंधन पर भी विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए।
इस अवसर पर ईई यूजेवीएनएल विपिन डंगवाल, डीडीएमओ शार्दूल गुस्साईं सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।

Recent Comments