राज्य की 7 हजार बीघा भूमि को लेकर उक्रांद ने उठाए सवाल, 21 सितंबर को प्रदेशभर में ज्ञापन देने का ऐलान

UIIDB के अधीन भूमि लिए जाने और सरकार द्वारा इसे चहेतों को दिए जाने की आशंका पर उक्रांद ने मांगी स्पष्ट जानकारी

देहरादून। उत्तराखंड क्रांति दल (उक्रांद) ने उत्तराखंड इन्वेस्टमेंट एंड इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट बोर्ड (UIIDB) के अधीन राज्य की करीब 7 हजार बीघा भूमि लिए जाने की प्रक्रिया को लेकर सवाल उठाए हैं। दल ने इसे राज्य के जनहित, भूमि संरक्षण और दीर्घकालिक हितों से जुड़ा गंभीर विषय बताते हुए सरकार से पूरी प्रक्रिया में पारदर्शिता बरतने और स्थिति स्पष्ट करने की मांग की है।

उक्रांद के केंद्रीय महामंत्री एवं केंद्रीय कार्यालय प्रभारी देवचंद उत्तराखंडी की ओर से 18 सितंबर 2026 को जारी पत्र में पार्टी के सभी जिला, सांगठनिक और महानगर अध्यक्षों को निर्देश दिए गए हैं कि वे 21 सितंबर 2026 (सोमवार) को अपने-अपने जनपद एवं क्षेत्र में पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं के साथ उपखंड अधिकारी (SDM) के माध्यम से मुख्यमंत्री एवं उत्तराखंड सरकार को ज्ञापन भेजें।

पत्र में कहा गया है कि UIIDB द्वारा राज्य के विभिन्न विभागों की लगभग 7,000 बीघा भूमि अपने अधीन लेने और सरकार द्वारा उसका उपयोग अपने स्तर पर किए जाने का विषय अत्यंत महत्वपूर्ण है। उक्रांद ने भूमि के उपयोग, संबंधित विभागों की भूमिका तथा राज्य और जनहित पर पड़ने वाले संभावित प्रभावों के संबंध में सरकार से स्पष्ट जानकारी मांगी है।

दल का कहना है कि उत्तराखंड क्रांति दल राज्य की जल, जंगल, जमीन और जनहित से जुड़े मुद्दों पर लगातार आवाज उठाता रहा है। पार्टी ने कहा कि राज्य की बहुमूल्य भूमि से संबंधित किसी भी प्रक्रिया में पारदर्शिता और जनहित को प्राथमिकता दी जानी चाहिए।

उक्रांद ने यह भी सवाल उठाया है कि यदि सरकार के पास ऐसी भूमि उपलब्ध है तो पूर्व में जारी आदेशों के अनुसार सैनिक सेवा में उच्च अलंकृत सैनिकों एवं सैनिक परिवारों, उत्तराखंड के भूमिहीन मूलनिवासियों, राज्य के मूल निवासी उद्यमियों, शिक्षण संस्थानों और स्वास्थ्य संस्थानों को भूमि क्यों नहीं उपलब्ध कराई गई।

पार्टी ने अपने सभी जिला, सांगठनिक एवं महानगर अध्यक्षों से कहा है कि कार्यक्रम को संगठित, शांतिपूर्ण और प्रभावी जनहित कार्यक्रम के रूप में आयोजित किया जाए तथा ज्ञापन कार्यक्रम की सूचना और संक्षिप्त विवरण केंद्रीय कार्यालय को भी उपलब्ध कराया जाए।

यहां देखें यूकेडी केंद्रीय कार्यालय द्वारा जारी पत्र

Static 1 Static 1
ऐसी और भी खबरें पढ़ने के लिए बने रहें merouttarakhand.in के साथ।
Subscribe our Whatsapp Channel
Like Our Facebook & Instagram Page
RELATED ARTICLES

Most Popular

Recent Comments